वड़ोदरा में विकास की नई इबारत
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुजरात के वड़ोदरा में 35,000 करोड़ रुपये से अधिक की विकास परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास किया। इस अवसर पर उन्होंने पश्चिमी समर्पित फ्रेट कॉरिडोर (WDFC) के महत्वपूर्ण खंडों को राष्ट्र को समर्पित किया, जो देश के औद्योगिक विकास में एक मील का पत्थर साबित होंगे। पीएम मोदी ने कहा कि यह परियोजना भारत की बदलती लॉजिस्टिक्स और बुनियादी ढांचे की तस्वीर को दर्शाती है।
‘नाराज फूफा’ वाली टिप्पणी और विपक्ष पर निशाना
अपने संबोधन के दौरान प्रधानमंत्री ने कांग्रेस पर कटाक्ष करते हुए ‘नाराज फूफा’ वाली टिप्पणी को फिर से दोहराया। उन्होंने कहा कि देश में कुछ ऐसे लोग हैं जो भारत की प्रगति और विकास को देखकर कभी खुश नहीं हो सकते। Tharnewslive की विशेष रिपोर्ट के अनुसार, प्रधानमंत्री ने कहा कि विपक्ष का काम केवल विकास कार्यों में बाधा डालना और नकारात्मकता फैलाना रह गया है। उन्होंने 2014 से पहले की सरकारों पर परियोजनाओं को लटकाने और भटकाने का आरोप लगाया।
Tharnewslive संवाददाता के अनुसार, प्रधानमंत्री ने स्पष्ट किया कि पहले की सरकारों में इच्छाशक्ति की कमी थी, जिसके कारण फ्रेट कॉरिडोर जैसी महत्वपूर्ण परियोजनाएं दशकों तक फाइलों में दबी रहीं, लेकिन अब देश ‘स्पीड और स्केल’ के साथ आगे बढ़ रहा है।
मुख्य बिंदु और परियोजना का महत्व
- पश्चिमी समर्पित फ्रेट कॉरिडोर से औद्योगिक हब के बीच माल ढुलाई की गति में क्रांतिकारी बदलाव आएगा।
- 35,000 करोड़ रुपये की परियोजनाओं से गुजरात के बुनियादी ढांचे को नई मजबूती मिलेगी।
- पीएम मोदी ने जोर दिया कि 2014 के बाद देश की कार्य संस्कृति में बड़ा बदलाव आया है।
- लॉजिस्टिक्स लागत कम होने से ‘मेक इन इंडिया’ अभियान को वैश्विक स्तर पर गति मिलेगी।
प्रधानमंत्री ने अंत में कहा कि उनकी सरकार का लक्ष्य केवल आधारशिला रखना नहीं, बल्कि समयबद्ध तरीके से परियोजनाओं को पूरा करना है। वड़ोदरा में आयोजित यह कार्यक्रम न केवल विकास का उत्सव था, बल्कि राजनीतिक रूप से विपक्ष को आईना दिखाने का एक बड़ा मंच भी साबित हुआ।
Author: Thar News Live







